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प्रेम और नफरत

प्रेम और नफरत

प्रेम इन्सान को जीवन देता है।
मगर नफरत जीवन बरबाद करती है।।

प्रेम से इन्सान नजदिक आता है।
नफरत से दूर चला जाता है।।

प्रेम से मन शांत रहता है।
नफरत से मन में गुस्सा होता है।।

प्रेम से पराये भी अपने हो जाते है।
नफरत से अपने पराये हो जाते है।।

प्रेम जीवन  जीने  की प्रेरणा है।
नफरत जीवन बिघडणेकी चावी है।।

प्रेम जीवन का सुमधूर संगीत है।
नफरत जीवन का तमाशा है।।

प्रेम जीवन की अच्छी भाषा है।
नफरत जीवन की गालीया है।।

प्रेम से सब काम आसान होते है।
नफरत से सब काम बिघड जाते है।।

प्रेम जीवन की कोकिळ है।
नफरत जीवन का काला कौआ है।।

प्रेम जीवन की सुपरफास्ट गाडी है।
नफरत जीवन की खटारा गाडी है।।

प्रेम से प्रभु अंतर प्रकट हो जाता है।
नफरत से अंदर काला साम्राज्य छा जाता है।।

जीवन मे प्रेम का गीत गाया करो।
नफरत को दूर रखना ही पसंद करो।।
प्रा. दगा देवरे

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